श्रीनगर (गढ़वाल)। गुरु पूर्णिमा महोत्सव के अवसर पर श्रीनगर स्थित अस्थायी गौशाला में गौ सेवा, गौ संरक्षण और गौ संवर्धन को समर्पित एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में गौशाला में रह रहे गौवंश का निरीक्षण किया गया। उपस्थित लोगों ने गौवंश को स्वस्थ एवं सुरक्षित देखकर प्रसन्नता व्यक्त की तथा गौशाला के विस्तार और बेहतर व्यवस्थाओं को लेकर विचार-विमर्श किया।
कार्यक्रम के दौरान गौ सेवकों ने बताया कि गौ संरक्षण के उद्देश्य से पूर्व में गौ सेवा संवर्धन संस्था का गठन किया गया है। संस्था के माध्यम से गौभक्त स्वेच्छा से सहयोग एवं दान देकर गौशाला के संचालन और विकास में योगदान दे रहे हैं। बैठक में भविष्य में गौशाला के विस्तारीकरण तथा गौ संरक्षण गतिविधियों को और प्रभावी बनाने पर भी चर्चा हुई।
इस अवसर पर जय शिव गोरखनाथ गढ़खालेश्वर महादेव मंदिर के उपासक नरेश कुमार भारती ने गौ सेवा के क्षेत्र में निःस्वार्थ समर्पण और सक्रिय योगदान के लिए गौ सेवा संवर्धन संस्था के अध्यक्ष अनुज जोशी को “गुरु पूर्णिमा महोत्सव सम्मान” से सम्मानित किया। उपस्थित लोगों ने उनके कार्यों की सराहना करते हुए इसे गौ सेवा के प्रति समर्पण का सम्मान बताया।
कार्यक्रम में वक्ताओं ने भारतीय संस्कृति में गौ माता के महत्व पर भी अपने विचार रखे। उन्होंने कहा कि भारतीय परंपरा में गाय का धार्मिक, सांस्कृतिक और सामाजिक महत्व रहा है तथा गौ संरक्षण के लिए समाज की सहभागिता आवश्यक है। इसी क्रम में कुछ वक्ताओं ने गौ माता को “राष्ट्र माता” घोषित किए जाने की मांग का समर्थन व्यक्त किया और देशभर के गौ प्रेमियों से इस विषय पर लोकतांत्रिक एवं संवैधानिक माध्यमों से सरकार के समक्ष अपनी मांग रखने का आह्वान किया। उन्होंने प्रत्येक माह की 27 तारीख को संबंधित तहसीलों के माध्यम से ज्ञापन सौंपने का भी आग्रह किया।
कार्यक्रम में उपासक नरेश कुमार भारती, गौ सेवा संवर्धन संस्था के अध्यक्ष अनुज जोशी, उपाध्यक्ष आनंद सिंह भंडारी, राजेंद्र प्रसाद बड़थ्वाल, रूपेश जोशी सहित अनेक गौ सेवक एवं गौ प्रेमी उपस्थित रहे। सभी ने गौ संरक्षण, गौ सेवा और सामाजिक जागरूकता के कार्यों को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया।

