देहरादून, 22 जुलाई।
उत्तराखंड के लोकपर्व हरेला के अवसर पर जन चेतना जागृति मंच, उत्तराखंड ने पर्यावरण संरक्षण और जन-जागरूकता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से व्यापक वृक्षारोपण एवं पौध वितरण अभियान चलाया। मंच ने इस वर्ष 1000 फलदार, फूलदार एवं छायादार पौधों के रोपण और निःशुल्क वितरण का लक्ष्य निर्धारित किया है, जिसके तहत विभिन्न क्षेत्रों में लगातार कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
मंच के अनुसार अभियान की शुरुआत 16 जुलाई 2026 को हुई। कार्यक्रम का शुभारंभ मंच के संरक्षक दिवाकर उनियाल तथा अध्यक्ष अनिरुद्ध डोबरियाल ने पवित्र तुलसी का पौधा लगाकर किया। इसके बाद अध्यक्ष अनिरुद्ध डोबरियाल ने अपने पुत्र एवं पुत्री से फलदार पौधे लगवाकर नई पीढ़ी को पर्यावरण संरक्षण से जोड़ने का संदेश दिया। मंच का कहना है कि बच्चों और युवाओं में प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी की भावना विकसित करना इस अभियान का प्रमुख उद्देश्य है।
इसी दिन दोपहर बाद ओम विहार और अजबपुर क्षेत्र के अनेक नागरिकों को उनकी आवश्यकता के अनुसार सैकड़ों पौधों का निःशुल्क वितरण किया गया। इसके बाद 17, 18 और 19 जुलाई को भी अभियान जारी रहा और विभिन्न क्षेत्रों के लोगों तथा सामाजिक कार्यकर्ताओं को बड़ी संख्या में फलदार, फूलदार और छायादार पौधे उपलब्ध कराए गए।
धाद सामाजिक संस्था के साथ संयुक्त कार्यक्रम
हरेला पर्व के अवसर पर 18 जुलाई 2026 को जन चेतना जागृति मंच ने धाद सामाजिक संस्था के सहयोग से माता मंदिर कॉलोनी में विशेष वृक्षारोपण एवं जनसंवाद कार्यक्रम आयोजित किया। इस कार्यक्रम में पौधरोपण के साथ-साथ नागरिकों को पौधों का वितरण किया गया तथा पर्यावरण संरक्षण, हरित उत्तराखंड और पौधों की देखभाल के महत्व पर विस्तार से चर्चा की गई।
कार्यक्रम की अध्यक्षता राजकीय विद्यालय के सेवानिवृत्त प्रवक्ता रघुनाथ सिंह नेगी ने की। इस अवसर पर पूर्व थाना अध्यक्ष महेश चंद्रा, धाद सामाजिक संस्था के उपाध्यक्ष डी.सी. नौटियाल, सचिव तन्मय ममंगाई, जन चेतना जागृति मंच के संरक्षक दिवाकर उनियाल एवं एस.एस. पवार, वार्ड-53 माता मंदिर के पूर्व पार्षद अनूप नौडियाल सहित बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक, सामाजिक कार्यकर्ता और स्थानीय लोग उपस्थित रहे।
“पौधे लगाएं, उनकी देखभाल भी करें”
कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने कहा कि हरेला केवल एक पारंपरिक पर्व नहीं, बल्कि प्रकृति और पर्यावरण के प्रति हमारी जिम्मेदारी का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि केवल पौधे लगाना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनकी नियमित देखभाल और संरक्षण भी उतना ही आवश्यक है ताकि वे भविष्य में बड़े वृक्ष बनकर पर्यावरण संतुलन बनाए रखने में योगदान दे सकें।
मंच के पदाधिकारियों ने नागरिकों से अधिक से अधिक पौधे लगाने, वर्षा ऋतु का लाभ उठाने और आने वाली पीढ़ियों के लिए हरित वातावरण तैयार करने का आह्वान किया।
नागरिकों और संस्थाओं को निःशुल्क पौधे उपलब्ध
जन चेतना जागृति मंच ने घोषणा की है कि देहरादून क्षेत्र का कोई भी नागरिक, सामाजिक संस्था, विद्यालय, आवासीय समिति या अन्य संगठन यदि वृक्षारोपण के लिए पौधे लेना चाहता है, तो मंच से निःशुल्क पौधे प्राप्त कर सकता है। मंच का उद्देश्य अधिक से अधिक लोगों को इस अभियान से जोड़कर देहरादून को हरित और पर्यावरण के प्रति जागरूक शहर बनाना है।
वर्षों से सामाजिक सरोकारों में सक्रिय है मंच
जन चेतना जागृति मंच लंबे समय से अध्यक्ष अनिरुद्ध डोबरियाल के नेतृत्व में देहरादून में जनहित और सामाजिक सरोकारों से जुड़े विभिन्न अभियानों में सक्रिय भूमिका निभाता रहा है। पर्यावरण संरक्षण, नागरिक समस्याओं के समाधान, जन-जागरूकता अभियान और विभिन्न सामाजिक कार्यक्रमों के माध्यम से मंच स्थानीय लोगों को संगठित करने का प्रयास करता रहा है।
हरेला पर्व पर शुरू किया गया यह अभियान केवल वृक्षारोपण तक सीमित नहीं है, बल्कि लोगों में पर्यावरण संरक्षण की भावना विकसित करने और समाज की सहभागिता बढ़ाने का एक महत्वपूर्ण प्रयास माना जा रहा है।
जन चेतना जागृति मंच ने सभी प्रदेशवासियों को हरेला पर्व की शुभकामनाएँ देते हुए अधिक से अधिक वृक्ष लगाने और उनकी देखभाल करने का संकल्प लेने का आह्वान किया है।

